Friday, April 4, 2014

KAM WEIGHT KA AA RAHA HAI RASHAN

भास्कर न्यूजत्न गोहाना मिड-डे-मील योजना के तहत स्कूलों में पहुंचने वाला राशन निर्धारित भार से कम पहुंच रहा है। इसका खुलासा उस समय हुआ जब राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में गुरुवार को राशन से भरी बोरी का वजन किया गया। वजन को देख स्टाफ के हौश उड़ गए, क्योंकि जितना वजन कहा गया उससे करीब 15 किलोग्राम वजन कम था। स्टाफ ने इसकी शिकायत आला अधिकारियों से की है। स्कूलों में शिक्षकों को मिड डे मील का राशन लेने से पहले तोलने व राशन की गुणवत्ता जांचने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए स्कूल में माप तोल के लिए कांटे का प्रबंध भी किया गया है। निर्देशों में कहा गया है कि जो भी राशन आए, मापतोल करने के बाद ही रिकार्ड में एंट्री करें। यदि कम हो तो उसे वापस कर दिया जाए। परंतु कर्मचारियों की लापरवाही के कारण विभाग को हर महीने लाखों रूपए की चपत लग रही है। मिड डे मील के
लिए चावल व गेहूं की सप्लाई विभिन्न एजेंसियों द्वारा की जाती है। जो राशन सप्लाई होता है, वह निर्धारित माप के अनुसार नहीं पहुंचा रहा है। जिससे राशन जल्द ही समाप्त हो जाता है और कुछ विद्यार्थियों को खाना मिलता है तो कुछ को नहीं। अध्यापकों का कहना है कि ऐसे में सभी विद्यार्थियों को योजना का फायदा नहीं मिल पाता। उल्लेखनीय है कि सरकार द्वारा सरकारी स्कूलों में मिड-डे मिल योजना के अंतर्गत राशन मुहैया कराया जाता है। इस बार विभाग द्वारा छह व्यंजनों को कम किया गया है। अब केवल 10 व्यंजन ही विद्यार्थियों को दिए जाएंगे। इसके बावजूद भी जो राशन स्कूलों में पहुंच रहा है, उसका वजन कम मिल रहा है। जिससे शिक्षकों में भी रोष है। साथ में उनकी परेशानी भी बढ़ रही है। उनका कहना है कि जब राशन कम होगा तो वे कहां से पूरा करके बच्चों को राशन दे। ॥मिड डे मील की देखरेख के लिए एक अध्यापक को इंचार्ज बनाया हुआ है। विभाग द्वारा राशन लेने से पहले उसकी गुणवत्ता व मापतौल करने के कड़े निर्देश हैं। राशन की गुणवत्ता में कोई कमी होती है तो उसे वापस भेज दिया जाता है। राशन की गुणवत्ता को लेकर पहले भी कई बार राशन वापस भेजा जा चुका है। गायत्री देवी, प्राचार्य गल्र्ज स्कूल गोहाना। स्कूल में मिड-डे मिल के तहत पहुंचे राशन को तोलने पर हुआ खुलासा, १५ किलो वजन कम मिला गोहाना. राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में मिड डे मिल के अंतर्गत पहुंचे गेहूं की तुलाई की गई तो वह करीब 35 किलोग्राम मिला।

1 comment:

  1. The process of applying for a Ration Card has become very essential these days. In this article, we are going to discuss the Delhi Ration Card. The Department of the Food and Supplies, Government of Delhi manages the Public Distribution System.
    Ration cards are issued to non – scheduled caste, and non – scheduled tribe citizens. Also, their names are required to be part of the Khadya BPL (khadya.cg.nic.in) list prepared after the 1991 or 1997 surveys but should not be a part of the BPL list prepared by the 2002 survey.
    We will be providing you the complete details regarding the UP Ration Card(fcs.up.nic.in) Application in Uttar Pradesh.
    The Civil Supplies Department of Odisha Government(e-Bitran) launched an online system for submission of application forms for new Odisha Ration Cards which will bring immense convenience to the people of Odisha.
    We will be providing you the complete details regarding the Bihar PDS Ration Card(sfc.bihar.gov.in) Application in Uttar Pradesh.

    ReplyDelete